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12वीं बोर्ड परीक्षा, शिक्षा मंत्रालय और CBSE के बीच होगी अहम बैठक

 नई दिल्ली | CBSE की 12वीं की परीक्षाओं के विषय पर आज केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय और CBSE के बीच अहम बैठक होनी है। कई छात्र व संगठन 12की बोर्ड परीक्षा रद्द किए जाने की मांग कर रहे हैं। वहीं CBSE यह परीक्षाएं करवाने की पक्षधर है।

इससे पहले केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय ने देशभर में फैले कोरोना संक्रमण को देखते हुए 12वीं की बोर्ड परीक्षाएं 1 जून तक स्थगित करने का फैसला किया था। यही कारण है कि अब 1 जून को होने जा रही सीबीएसई और शिक्षा मंत्रालय की इस बैठक पर सभी की निगाहें टिकी हैं। इससे पहले केंद्र सरकार ने देश के सभी राज्यों का पक्ष जानने के लिए उनके साथ एक विशेष बैठक की थी। 23 मई को हुई इस चर्चा की अध्यक्षता केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने की थी। बैठक में सभी राज्यों के शिक्षा मंत्री व केंद्रीय शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक शामिल हुए।

12वीं बोर्ड परीक्षा, शिक्षा मंत्रालय और CBSE के बीच होगी अहम बैठक
शिक्षा मंत्रालय ने विभिन्न राज्यों से इस विषय में 25 मई तक अपने सुझाव देने को कहा था। कई राज्यों ने डेढ़ घंटे की परीक्षा और 19 मुख्य विषयों के ही एग्जाम लेने की बात कही है। राज्यों के परामर्श के बाद सीबीएसई 12वीं के लिए केवल प्रमुख विषयों की परीक्षा कराने को राजी हो सकती हैसीबीएसई 12वीं बोर्ड के लिए कुल 174 विषय की परीक्षा होती है।

वहीं फिक्की ने भी इस विषय पर केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय से संपर्क किया है। फिक्की ने पत्र लिखकर मंत्रालय से कहा कि 12वीं का रिजल्ट जारी करने में देरी होने पर करीब दो लाख छात्र विदेश पढ़ने नहीं जा पाएंगे। इसलिए जुलाई मध्य तक सीबीएसई 12बोर्ड का रिजल्ट जारी कर देना चाहिए।

उधर दिल्ली सरकार ने 12वीं बोर्ड परीक्षा आयोजित न करवाने का सुझाव दिया है।

दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा कि कोरोना की दूसरी लहर में हर एक परिवार आर्थिक, शारीरिक या मानसिक तौर पर प्रभावित हुआ है। साथ ही परीक्षाओं को लेकर बनी अनिश्चित्ताओं से विद्यार्थियों के साथ-साथ उनके शिक्षकों और अध्यापकों में भी तनाव बढ़ा है। अब सबका मानना है कि बोर्ड परीक्षाओं को लेकर जल्द निर्णय लिया जाए।

By Bureau Report

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